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धौरहरा में साइकिल सवार गिरा:सिर में चोट, अस्पताल में भर्ती, सामने से आ रही गाड़ी की रोशनी से हादसा

महराजगंज के सोनौली कोतवाली क्षेत्र में धौरहरा गांव के पास शाम करीब 6:30 बजे साइकिल सवार युवक सड़क पर गिरकर घायल हो गया। उसे इलाज के लिए नजदीकी अस्पताल पहुंचाया गया। सभासद प्रतिनिधि राजेश गुप्ता अस्पताल पहुंचे और युवक के इलाज में मदद की। परिजनों को भी घटना की सूचना दी गई। राजेश गुप्ता ने बताया कि युवक धौरहरा गांव का रहने वाला है और नौतनवा से साइकिल पर घर लौट रहा था। रास्ते में सामने से आ रही गाड़ी की तेज रोशनी उसकी आंखों पर पड़ी। इससे उसे आगे देखने में परेशानी हुई और वह साइकिल से अनियंत्रित होकर सड़क पर गिर गया। गिरने से उसके सिर में चोट लगी। सोनौली थाना अध्यक्ष विशाल कुमार शुक्ला ने बताया कि युवक को हल्की चोटें आई हैं। परिजनों ने अस्पताल में उसका इलाज कराया। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और घटना की जानकारी ली। स्थानीय लोगों ने वाहन चालकों से रात में सावधानी से गाड़ी चलाने और सामने से आ रहे वाहनों की रोशनी को लेकर सतर्क रहने की अपील की।

बघाड़ी से मां दुर्गा की शोभायात्रा निकली:डीजे की धुन और जयकारों के बीच श्रद्धालु ट्रैक्टर-ट्रॉली पर सजी प्रतिमा लेकर लालगंज घाट की ओर रवाना

लालगंज थाना क्षेत्र के बघाड़ी गांव से बुधवार शाम मां दुर्गा की प्रतिमा के साथ शोभायात्रा निकाली गई। ट्रैक्टर-ट्रॉली पर सजी प्रतिमा के साथ बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। डीजे की धुन और जयकारों के बीच शोभायात्रा आगे बढ़ी।
शोभायात्रा बगड़ी गांव से निकलकर बनकटी ब्लॉक पहुंची। इसके बाद यह महादेवा होते हुए लालगंज घाट की ओर रवाना हुई। श्रद्धालु रास्ते में नाचते-गाते और मां दुर्गा के जयकारे लगाते रहे।
विभिन्न चौराहों और रास्तों पर प्रतिमा के दर्शन के लिए लोग जुटे। कई जगह श्रद्धालु प्रतिमा देखने के लिए रुके।
दुर्गा पूजा के अवसर पर शोभायात्रा के दौरान श्रद्धालु शामिल हुए और मां दुर्गा के जयकारे लगाए।

‘DPDP Act खोजी पत्रकारिता को नहीं करेगा सीमित’, अश्विनी वैष्णव ने चर्चा के लिए संपादकों को किया आमंत्रित

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पीटीआई, नई दिल्ली। सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बुधवार को उन आशंकाओं को खारिज किया कि डिजिटल व्यक्तिगत डाटा संरक्षण (डीपीडीपी) अधिनियम खोजी पत्रकारिता को सीमित कर सकता है।

उन्होंने कहा कि संविधान में प्रेस की स्वतंत्रता की गारंटी दी गई है। उन्होंने संपादकों तथा मीडिया पेशेवरों को अपनी चिंताओं पर सरकार से चर्चा करने के लिए आमंत्रित किया।

वैष्णव ने कहा, पत्रकारिता की स्वतंत्रता की गारंटी भारत का संविधान देता है। इस स्वतंत्रता को प्रभावित करने का कोई इरादा नहीं है। निजता कानून मीडिया की स्वतंत्रता की संवैधानिक गारंटी को पूरी तरह बरकरार रखता है। सरकार पत्रकारों की चिंता को सुनने और जरूरत पड़ने पर सुझावों पर विचार करने के लिए तैयार है।

केंद्रीय मंत्री की यह टिप्पणी मीडिया संस्थानों की ओर से अधिनियम के संभावित असर को कानूनी चुनौती दिए जाने के बीच आई है।

मीडिया संस्थानों का तर्क है कि पत्रकारिता से जुड़ी गतिविधियों के लिए स्पष्ट छूट न होने से उन मामलों की जांच मुश्किल हो सकती है, जिनमें संबंधित लोगों की सहमति के बिना जुटाई गई निजी जानकारी शामिल हो।

उन्होंने गोपनीय स्रोतों और जनहित की खबरों के लिए प्रासंगिक सामग्री को सुरक्षित रखने को लेकर भी चिंता जताई है।इस बीच, सूत्रों ने संकेत दिया कि सरकार पत्रकारिता से जुड़ी गतिविधियों को संरक्षण देने और चिंताओं का समाधान करने के लिए कानून में संशोधन पर विचार कर सकती है।

सरकार के एक सूत्र ने नाम न छापने की शर्त पर कहा कि अगर पत्रकारिता के लिए स्पष्ट वैधानिक संरक्षण जरूरी माना गया, तो संशोधन पर विचार किया जा सकता है। हालांकि, वैष्णव ने किसी संशोधन के बारे में बात नहीं की।

उन्होंने कहा कि डीपीडीपी अधिनियम सुप्रीम कोर्ट के उस फैसले के बाद लाया गया, जिसमें निजता के अधिकार को मौलिक अधिकार माना गया था। इस कानून का मसौदा एक साल से अधिक समय तक चले परामर्श के बाद तैयार किया गया।

इस विचार-विमर्श में समाचार पत्रों, टेलीविजन चैनलों, मीडिया प्रतिनिधियों, सूचना प्रौद्योगिकी उद्योग और अन्य संबंधित पक्षों ने हिस्सा लिया था।

मंत्री ने कहा कि निजता कानून सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद बनाया गया है। उस फैसले में निजता के अधिकार को मौलिक अधिकार माना गया था। संसद ने वास्तव में उस फैसले को कानून का रूप दिया। वैष्णव के मुताबिक, परामर्श के दौरान सरकार ने स्पष्ट किया था कि यह कानून प्रेस की स्वतंत्रता को कमजोर नहीं करेगा।

उन्होंने निजी जानकारी के दुरुपयोग और पत्रकारिता में उसके वैध इस्तेमाल के बीच अंतर बताया। कहा कि डाटा निजता का मतलब यह नहीं है कि आप किसी बात को खबर नहीं बना सकते। पत्रकारों को स्वतंत्रता संविधान से मिलती है। इसे किसी कानून से खत्म नहीं किया जा सकता।

XUV कार-बाइक की टक्कर में दो लोग घायल:गिलौला के मैरिया तिराहे पर भिड़ीं गाड़ियां, चालक मौके से फरार

नेशनल हाईवे 730 पर गिलौला थाना क्षेत्र के मैरिया तिराहे पर XUV और बाइक की टक्कर में दो लोग घायल हो गए। हादसे में बाइक सवार शिवा और उनके साथ बैठी महिला को चोट लगी। XUV का नंबर UP32 EV 0181 और बाइक का नंबर UP46K 4888 है। बाइक सवार शिवा भलुहिया दसौंधी के रहने वाले हैं। उनके पैर में गंभीर चोट आई है। महिला भी गंभीर रूप से घायल हुई है। गिलौला पुलिस ने घायलों को इलाज के लिए जिला अस्पताल बहराइच भेजा। हादसे के बाद XUV चालक मौके से फरार हो गया। दोनों गाड़ियां घटनास्थल पर खड़ी हैं।

राजस्थान: भीलवाड़ा में 15 तोला सोने के लिए महिला की हत्या, रातभर शव जलाकर नदबई नदी में फेंकी हड्डियां

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जागरण संवाददाता, उदयपुर। भीलवाड़ा में 70 वर्षीय कमला देवी कांकरिया की हत्या और करीब 15 तोला सोने के आभूषण लूटने के मामले में पुलिस पूछताछ के दौरान वारदात की परतें खुल रही हैं।

पुलिस के अनुसार, पड़ोसी रवि तापड़िया ने साथी हीरा सिंधी के साथ मिलकर कमला देवी की गला दबाकर हत्या की। इसके बाद पहचान मिटाने के लिए पेट्रोल डालकर शव जलाया। सुबह पानी डालकर शव ठंडा किया और हड्डियां बाल्टी में भरकर कोठारी नदी में फेंक दीं।

पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर तीन दिन के रिमांड पर लिया है।पुलिस के मुताबिक, वारदात 12 अक्टूबर की शाम हुई। रवि ने बकाया रकम लौटाने के बहाने कमला देवी को अपने मकान पर बुलाया था।

हत्या के बाद आरोपियों ने उनके सोने के झुमके, कंगन और हार ले लिए। आभूषणों का वजन करीब 15 तोला बताया गया है। पूछताछ में सामने आया कि रवि का कमला देवी के पति तेज सिंह से पुराना संपर्क था। वह उनके लिए ब्याज की रकम वसूलता था।

आरोप है कि संपत्ति में हिस्सा नहीं मिलने से रवि कमला देवी से नाराज था। मोहल्ले के लोगों का दावा है कि रवि जिस मकान में रहता था, उसका मालिक मनीष करीब आठ साल से लापता है। हालांकि, मनीष के लापता होने और कमला देवी हत्याकांड के बीच किसी संबंध की पुष्टि नहीं हुई है।

वार्ड 13 में दुर्गा पंडाल सजा और भोज हुआ:दशहरा पर सभासद ने मंदिर परिसर में कराया आयोजन

पनियारा (महराजगंज)। नगर पंचायत पनियारा के वार्ड नंबर 13 में सभासद राजू पाल द्वारा अन्य लोगों के सहयोग से मंदिर परिसर में भोज का आयोजन कराया गया। इस आयोजन के माध्यम से समाज में आपसी भाईचारे, प्रेम, सद्भाव और एकता का संदेश दिया गया सभासद राजू पाल ने अन्य सहयोगियों के साथ मिलकर इस आयोजन को सफल बनाने में योगदान दिया। इस भोज का मुख्य उद्देश्य समाज के लोगों के बीच आपसी प्रेम और सौहार्द को बढ़ावा देना तथा सभी को एकजुट रहने का संदेश देना रहा। दशहरा पर्व बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक है। इस पावन अवसर पर माँ दुर्गा की पूजा-अर्चना के साथ लोगों में उत्साह और श्रद्धा का माहौल देखने को मिला। भोज के आयोजन ने सामाजिक एकता और आपसी सहयोग की भावना को और मजबूत करने का संदेश दिया। ऐसे आयोजन समाज में आपसी संबंधों को मजबूत बनाने और लोगों के बीच एकता की भावना विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। समाज की असली ताकत आपसी भाईचारे और सहयोग में ही निहित है। सभासद राजू पाल की इस पहल को समाज में आपसी सद्भाव और एकता का संदेश देने वाले प्रयास के रूप में देखा जा रहा है।

ट्रैक्टर को धक्का देते समय पहिए के नीचे आया युवक,मौत:बस्ती में खेत में फंसे ट्रैक्टर को निकालने की कोशिश कर रहा था

बस्ती में बुधवार शाम करीब 4:30 बजे ट्रैक्टर के पहिए के नीचे आने से युवक की मौत हो गई। हादसे के बाद परिजन उसे एंबुलेंस से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) विक्रमजोत ले गए। वहां चिकित्सकों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। घटना की सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। घटना छावनी थाना क्षेत्र के वीरपुर खरहरा गांव का है। खेत में फंसे ट्रैक्टर को निकाल रहा था मृतक की पहचान वीरपुर खरहरा निवासी खुशी राम चौहान (40) के रूप में हुई है। जानकारी के मुताबिक, बुधवार शाम उनके खेत में धान की फसल पर दवा का छिड़काव किया जा रहा था। इसी दौरान ट्रैक्टर खेत में फंस गया। खुशी राम ट्रैक्टर को पीछे से धक्का देकर निकालने की कोशिश कर रहे थे, तभी वह उसके पहिए के नीचे आ गए और गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। परिजन घायल खुशी राम को तत्काल अस्पताल लेकर पहुंचे, लेकिन चिकित्सक उन्हें बचा नहीं सके। उनकी मौत की खबर मिलते ही परिवार में मातम छा गया। सूचना मिलने पर छावनी पुलिस मौके पर पहुंची और जांच-पड़ताल शुरू की। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। हादसे से जुड़े तथ्यों की जांच की जा रही है।

‘आतंकियों के समर्थक देशों को कतई बर्दाश्त न करे अंतरराष्ट्रीय समुदाय’, बोले राजनाथ सिंह

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डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और अमेरिकी युद्ध मंत्री पीट हेगसेथ ने 10 वर्षीय भारत-अमेरिका रक्षा रूपरेखा समझौते की प्रगति की समीक्षा की। इस समझौते का उद्देश्य महत्वपूर्ण प्रौद्योगिकियों, सूचना साझा करने और सैन्य साजोसामान के संयुक्त उत्पादन में रणनीतिक तालमेल को आगे बढ़ाना है।

वहीं, सिंह ने जोर दिया कि अंतरराष्ट्रीय समुदाय को उन देशों के प्रति ‘अडिग और कतई बर्दाश्त नहीं करने वाला रुख’ अपनाना चाहिए, जो आतंकी संगठनों को समर्थन और प्रशिक्षण देते हैं या उनकी फंडिंग करते हैं।

फिलीपींस के सेबू में रक्षा मंत्रियों की आसियान बैठक से इतर बुधवार को राजनाथ से बातचीत में अमेरिकी मंत्री हेगसेथ ने सीमा पार आतंकवाद के खिलाफ भारत की लड़ाई में अमेरिका की अटूट एकजुटता और पूर्ण समर्थन को दोहराया। वह 13वीं आसियान रक्षा मंत्रियों की बैठक-प्लस (एडीएमएम-प्लस) में हिस्सा लेने के लिए फिलीपींस आए हैं।

भारत की ओर से जारी बयान के अनुसार, दोनों देशों ने हिंद-प्रशांत की स्थिति और तेजी से बदलते क्षेत्रीय सुरक्षा परिदृश्य की भी समीक्षा की। बातचीत का मुख्य केंद्र पिछले साल अक्टूबर में हुए भारत-अमेरिका रक्षा रूपरेखा समझौते के कार्यान्वयन की प्रगति का जायजा लेना रहा।

राजनाथ ने कहा, ‘हमारी मजबूत साझेदारी स्वतंत्र, खुले और सुरक्षित हिंद-प्रशांत की आधारशिला बनी हुई है।’ अमेरिका के युद्ध मंत्री ने कहा,’हमने अपनी प्रमुख रक्षा साझेदारी की रूपरेखा की पहली वर्षगांठ मनाई और सहयोग मजबूत करने के तरीकों पर चर्चा की।’

भारतीय समुदाय से कहा-भारत अब कमजोर नहीं

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने भारतीय समुदाय से कहा कि भारत की वैश्विक प्रतिष्ठा और रक्षा तैयारियां बढ़ी हैं। भारत किसी को उकसाता नहीं, लेकिन उकसाए जाने पर दृढ़ता से जवाब देता है। वैश्विक सहयोग के भारत के दर्शन पर जोर देते हुए उन्होंने कहा,’भारत एकमात्र ऐसा देश है जो पूरी दुनिया को अपना परिवार मानता है। हम वसुधैव कुटुंबकम की बात करते हैं… हमारा दिल इतना बड़ा है कि नाग पंचमी पर हम सांपों को भी दूध पिलाते हैं।’

सिंह ने कहा, ‘दुनियाभर में भारत का सम्मान बढ़ा है। अगर ऐसा नहीं होता तो 35 देशों के नेता हमारे प्रधानमंत्री को अपने सर्वोच्च नागरिक सम्मान से सम्मानित नहीं करते। आज जब भारत बोलता है, तो दुनिया पूरी तन्मयता से सुनती है।’

भारत के आर्थिक विकास पर सिंह ने कहा कि देश फिलहाल दुनिया की पांचवीं सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था है और अगर पश्चिम एशिया में संकट नहीं आया होता तो हम दुनिया की शीर्ष तीन अर्थव्यवस्थाओं में शामिल हो चुके होते। हालांकि, यह होकर रहेगा।

ऑस्ट्रेलिया और जापान के नेताओं से चर्चारक्षा मंत्री राजनाथ ने आस्ट्रेलिया के उप प्रधानमंत्री रिचर्ड मार्ल्स से भी मुलाकात की। दोनों ने रक्षा सहयोग की समीक्षा, सैन्य तालमेल बढ़ाने और क्षेत्रीय सुरक्षा चुनौतियों से निपटने पर चर्चा की। राजनाथ ने जापान के रक्षा मंत्री शिंजिरो कोइजुमी के साथ द्विपक्षीय बैठक में कहा, ‘भारत और जापान की हिंद-प्रशांत क्षेत्र में शांति और स्थिरता सुनिश्चित करने की बड़ी जिम्मेदारी है।’

सोर्स-न्यूज एजेंसी PTI के इनपुट के अनुसार 

अज्ञात ट्रैक्टर ने बाइक को टक्कर मारी:श्रावस्ती में युवक गंभीर घायल, चालक मौके से फरार

श्रावस्ती के हरदत्तनगर गिरंट थाना क्षेत्र में अज्ञात ट्रैक्टर ने बाइक को टक्कर मार दी। हादसे में बाइक सवार युवक गंभीर रूप से घायल हो गया। ट्रैक्टर चालक मौके से फरार हो गया।
हादसा बदला-मिर्जापुर मार्ग पर सुजानडीह गांव के पास हुआ। घायल की पहचान 32 वर्षीय जय निवासी सरसई, थाना रिसिया के रूप में हुई है।
जय सोनवा थाना क्षेत्र के चंदन कोटिया नसीरगंज में अपने बहनोई के घर करवाचौथ का सामान देकर बाइक से घर लौट रहे थे। इसी दौरान सुजानडीह के पास ट्रैक्टर ने उनकी बाइक को टक्कर मार दी।
ग्रामीणों की सूचना पर जय को सीएचसी मल्हीपुर पहुंचाया गया। वहां प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने उनकी गंभीर हालत देखते हुए संयुक्त जिला चिकित्सालय भिनगा रेफर कर दिया।
पुलिस ने अज्ञात ट्रैक्टर चालक की तलाश शुरू कर दी है। मामले की जांच भी की जा रही है।

मुंबई: ऑटो ड्राइवर का अनोखा जुनून, ब्रांडेड कारों के लोगो से सजाया अपना तिपहिया वाहन

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डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। मुंबई में एक ऑटो ड्राइवर का ऐसा जुनून देखने को मिला है जिसने सबको हैरान कर दिया है।

कुर्ला इलाके के रहने वाले जनार्दन वाघचोरे सिर्फ ऑटो-रिक्शा चालक नहीं, बल्कि कारों के दीवाने भी हैं। उन्होंने अपने ऑटो-रिक्शा को कारों के ब्रांड लोगो से सजाया है।

उनके ऑटो पर ऐसा कोई लोगो नहीं जो ना लगा हो। जनार्दन ने अपने रिक्शा पर 2 लाख रुपये से अधिक कीमत वाले विभिन्न कार ब्रांडों के लोगो लगाए हैं।

बाहर से लेकर अंदर तक पूरा रिक्शा कारों के प्रति उनके जुनून को दर्शाता है। मुंबई की व्यस्त सड़कों पर यह रंग-बिरंगा और अनोखा ऑटो-रिक्शा लोगों का ध्यान खींच रहा है।

जनार्दन का कहना है कि कारें उनके बचपन से ही पसंद रही हैं। ऑटो-रिक्शा चलाते हुए भी उन्होंने अपनी इस शौक को नहीं छोड़ा और अपने वाहन को ही कारों का चलता-फिरता प्रदर्शन स्थल बना लिया।

लोग इस अनोखे रिक्शा को देखकर रुक जाते हैं और तस्वीरें खींचते हैं। जनार्दन का यह प्रयास साबित करता है कि जुनून हो तो साधारण चीजों को भी खास बनाया जा सकता है।