लखनऊ। सिटी मोन्टेसरी स्कूल इस वर्ष गणतन्त्र दिवस परेड में ‘चलो दुनिया को स्वर्ग बनायें हम, प्रेम से और प्यार से’ विषय पर एक अनूठी झाँकी प्रदर्शित करने जा रहा है। यह झाँकी बनकर लगभग तैयार हो चुकी है। सी.एम.एस. की यह अनूठी झाँकी आज यहाँ आयोजित एक प्रेस कान्फ्रेन्स में पत्रकारों को दिखाई गई। इस अवसर पर सिटी मोन्टेसरी स्कूल के संस्थापक व प्रख्यात शिक्षाविद् डा. जगदीश गाँधी ने झाँकी के विभिन्न पहलुओं की विस्तृत जानकारी देते हुए कहा कि सी.एम.एस. की यह झाँकी एकता व शान्ति का संदेश जनमानस को देगी एवं सारे विश्व समाज को विश्व बन्धुत्व की भावना में पिरोकर इस दुनिया को स्वर्ग बनाने का आह्वान करेगी। इसके साथ ही, यह अनूठी झाँकी ‘वसुधैव कुटुम्बकम्’ की महान संस्कृति एवं ‘भारतीय संविधान के अनुच्छेद 51’ की भावनाओं से भी जनमानस को अवगत करायेगी। डा. गाँधी ने विश्वास व्यक्त किया कि यह झाँकी गणतन्त्र दिवस परेड में जनमानस के विशेष आकर्षण का केन्द्र होगी।
    इस अवसर पर सी.एम.एस. चैक कैम्पस की छात्राओं ने झाँकी गीत ‘चलो दुनिया को स्वर्ग बनायें हम, प्रेम से और प्यार से’  की प्रेरणादायी पंक्तियों पर मनभावन नृत्य प्रस्तुत कर सभी का मन मोह लिया तथापि झाँकी गीत के माध्यम से धरती को स्वर्ग बनाने का आह्वान किया। झाँकी गीत पर मनमोहक प्रदर्शन करने वाली सी.एम.एस. चैक कैम्पस की छात्राओं में रिद्धि, आद्या, पलक, पाँखुरी चैधरी, आरूषी चैधरी, अनुष्का रस्तोगी एवं अंदलीब फातिमा प्रमुख हैं।
    प्रेस कान्फ्रेन्स में बोलते हुए डा. गाँधी ने कहा कि कोरोना महामारी की वजह से पूरी दुनिया ने काफी दुख-दर्द व तकलीफें झेली हैं। ऐसे में, सी.एम.एस. इस झाँकी के माध्यम से संदेश देना चाहता है कि हम स्नेह, सौहार्द व भाईचारे की भावना से एक-दूसरे का सुख-दुख बांट सकते हैं और एकता, शान्ति व विश्व बन्धुत्व की भावना से इस दुनिया को स्वर्ग बना सकते हैं। डा. गाँधी ने कहा कि सी.एम.एस. की यह झाँकी मात्र प्रदर्शन भर के लिए नहीं है अपितु इसके पीछे एक उद्देश्य है कि एकता, शान्ति व सद्भाव ही विश्व मानवता के फलने-फूलने का एकमात्र विकल्प है।
    झाँकी की विशेषताओं पर प्रकाश डालते हुए डा. गाँधी ने बताया कि सी.एम.एस. की झाँकी चार भागों में हैं और सभी भाग एक अनूठे ढंग से मानवता के कल्याण का का संदेश दे रहे हैं। इस झाँकी के प्रथम भाग में ‘वसुधैव कुटुम्बकम्’ का संदेश प्रसारित किया जा रहा है जबकि द्वितीय भाग में विभिन्न पूजा स्थलों के माध्यम से यह प्रदर्शित किया गया है कि सभी धर्मों का स्रोत एक ही परमपिता परमात्मा है। इसी छत के नीचे झाँकी गीत ‘‘चलो दुनियाँ को स्वर्ग बनाये हम, प्रेम और प्यार से’’ पर सी.एम.एस. छात्राएं नृत्य प्रस्तुत करेंगी। झाँकी के तृतीय भाग में विश्व संसद के प्रारूप के साथ भारतीय संविधान के अनुच्छेद 51 की भावना के अनुरूप विश्व एकता की अपील प्रस्तुत की गई है, साथ ही संत कबीर, महात्मा गांधी, विनोबा भावे, मदर टेरेसा एवं धर्म गुरू दलाईलामा की तस्वीरोें के साथ सम्पूर्ण विश्व मानवता से प्रेम करने का संदेश प्रसारित होगा। झाँकी के अंतिम भाग में राष्ट्रपिता महात्मा गाँधी की भव्य प्रतिमा के साथ ही उनका संदेश ‘बुरा मत सुनो, बुरा मत देखो, बुरा मत बोलो’ प्रसारित किया जा रहा है।